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Maternity leave rules for Chhatisgarh Government employees

 प्रसूति अवकाश – (1) * किसी महिला शासकीय सेवक जिसकी दो से कम जीवित संतान हैं, को 180 दिन तक की अवधि के लिये प्रसूति अवकाश स्वीकृत किया जा सकता है । अवकाश अवधि में गर्भावस्था की अवधि तथा प्रसूति का दिन भी शामिल होंगे किन्तु ऐसा अवकाश प्रसूति की तिथि से 180 दिन की पश्चातवर्ती किसी अवधि हेतु स्वीकृत नहीं किया जायेगा। ऐसी अवधि में वह उस वेतन मे समतुल्य अवकाश वेतन की पात्र होगी जो उसने अवकाश पर प्रस्थान करने के ठीक पहले आहरित किया है ।

(2) ऐसा अवकाश, अवकाश लेखा के विरुद्ध विकलित नहीं किया जायेगा। 

(3) प्रसूति अवकाश किसी अन्य प्रकार के अवकाश के साथ संयोजित किया जा सकता है । 

(4) किसी महिला शासकीय सेवक को (जीवित बच्चों की संख्या पर ध्यान दिये बिना) गर्भपात सहित गर्भस्त्राव के प्रकरणों में उपयुक्त चिकित्सा प्राधिकारी द्वारा अनुशंसित अवधि तक के लिये पूरे सेवाकाल में अधिकतम पैंतालीस दिन की सीमा के अध्यधीन रहते हुए, प्रसूति अवकाश स्वीकृत किया जा सकता है। 

टिप्पणी – इस नियम के प्रयोजन के लिए मेडिकल टर्मिनेशन आफ प्रेगनेन्सी अधिनियम, 1971 के अधीन उत्प्रेरित कोई गर्भपात भी ‘गर्भपात’ का प्रकरण समझा जायेगा, किन्तु इस नियम के अंतर्गत ‘भयभीत कर कराये गये गर्भपात’ के लिए अवकाश स्वीकृत नहीं किया जायेगा। (संशोधन)

(वित्त निर्देश 04, दिनांक 13 फरवरी, 2013 द्वारा 135 दिन 180 दिन से प्रतिस्थापित तथा वित्त निर्देश 15, दिनांक 25 मई, 2016 द्वारा उक्त अवकाश गर्भावस्था की अवधि तथा प्रसूति का दिन भी शामिल किन्तु प्रसूति की तिथि से 180 दिन की पश्चातवर्ती अवधि के लिए स्वीकृति पर रोक)

Paternity leave rules for Chhatisgarh Government employees

पितृत्व अवकाश –

(1) किसी पुरूष शासकीय सेवक को जिसकी दो से कम जीवित संतान है उसकी पत्नी के प्रसवकाल के दौरान अर्थात बच्चे के जन्म से 15 दिन पहले अथवा बच्चे के जन्म से 6 माह की अवधि के भीतर अवकाश स्वीकृति हेतु सक्षम प्राधिकारी द्वारा 15 दिनों की अवधि के लिये पितृत्व अवकाश स्वीकृत किया जा सकता है।

(2) ऐसे अवकाश की अवधि में शासकीय सेवक को अवकाश पर प्रस्थान करने के ठीक पहले आहरित वेतन के समान अवकाश वेतन का भुगतान किया जायेगा।

(3) पितृत्व अवकाश, अवकाश लेखा के विरुद्ध विकलित नहीं किया जायेगा तथा किसी अन्य प्रकार के अवकाश के साथ संयोजित किया जा सकेगा।

(4) यदि पितृत्व अवकाश का उपभोग, नियम (1) में विनिर्दिष्ट अवधि के भीतर  नहीं किया जाता है, तो ऐसा अवकाश व्यपगत माना जायेगा।

टीप – इस अवकाश को सामान्यतः अस्वीकृत नहीं किया जायेगा।